सौरभ शेखर श्रीवास्तव की ब्यूरो रिपोर्ट दरभंगा। जिले में पूर्ण शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने और अवैध शराब के निर्माण, भंडारण, परिवहन एवं बिक्री पर पूरी तरह अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं मद्यनिषेध विभाग द्वारा लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत दरभंगा मद्यनिषेध टीम को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए बिशनपुर थाना क्षेत्र के भरौल स्थित एकमी-शोभन रोड पर निजी कंपनी के FMCG Products (ब्रश, टूथपेस्ट , साबुन और सर्फ) से भरे एक कंटेनर से भारी मात्रा में अवैध विदेशी शराब बरामद की है।

मद्यनिषेध विभाग की टीम ने कंटेनर संख्या UP21CT3867 को रोककर जब उसकी गहन तलाशी ली तो पतंजलि के विभिन्न उत्पादों के बीच बड़ी मात्रा में विदेशी शराब छिपाकर रखे जाने का खुलासा हुआ। तलाशी के दौरान कंटेनर से कुल 4,947.120 लीटर अवैध विदेशी शराब बरामद की गई। बरामद शराब का अनुमानित बाजार मूल्य करीब 60 लाख रुपये बताया गया है। शराब को जिस तरीके से अन्य सामानों के बीच छिपाकर रखा गया था, उससे स्पष्ट है कि तस्करों द्वारा जांच एजेंसियों को चकमा देने के उद्देश्य से सुनियोजित तरीके से शराब की खेप को परिवहन किया जा रहा था।

गुप्त सूचना पर मद्यनिषेध टीम ने की कार्रवाई
जिला पदाधिकारी कौशल कुमार के निर्देशानुसार जिले में शराबबंदी कानून के अनुपालन को लेकर मद्यनिषेध विभाग द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विभागीय टीम को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि एक कंटेनर के माध्यम से शराब की बड़ी खेप दरभंगा क्षेत्र से होकर ले जाई जा रही है। सूचना के सत्यापन एवं आवश्यक कार्रवाई के बाद मद्यनिषेध टीम ने बिशनपुर थाना क्षेत्र के भरौल, एकमी-शोभन रोड पर वाहन जांच अभियान चलाया।
जांच के दौरान संदिग्ध कंटेनर संख्या UP21CT3867 को रोककर टीम ने वाहन की तलाशी शुरू की। कंटेनर में बड़ी मात्रा में निजी कंपनी के FMCG उत्पाद रखे हुए थे। पहली नजर में कंटेनर सामान ढोने वाला सामान्य मालवाहक वाहन प्रतीत हो रहा था। लेकिन टीम ने संदेह के आधार पर जब कंटेनर के अंदर रखे सामानों की गहन जांच की तो उसके भीतर छिपाकर रखी गई विदेशी शराब की बड़ी खेप बरामद हुई।
निजी कंपनी के FMCG प्रोडक्ट्स के बीच छिपाई गई थी शराब
मद्यनिषेध विभाग के अनुसार कंटेनर में शराब को बेहद शातिराना तरीके से अन्य सामानों के बीच छिपाकर रखा गया था। कंटेनर की तलाशी के दौरान बड़ी संख्या में निजी कंपनी के उत्पाद बरामद हुए। इनमें 478 कार्टून साबुन, 460 कार्टून टूथपेस्ट, 155 बोरा सर्फ और 111 कार्टून ब्रश सहित अन्य सामान शामिल हैं। बता दें कि टूथब्रश, टूथपेस्ट, साबुन और सर्फ को सामान्यतः FMCG (Fast-Moving Consumer Goods) यानी रोजमर्रा की उपभोक्ता वस्तुएं कहा जाता है।
शराब की खेप को इन उत्पादों के बीच इस तरह रखा गया था कि सामान्य जांच के दौरान कंटेनर में शराब होने का आसानी से पता नहीं चल सके। तस्करों ने संभवतः यह तरीका इसलिए अपनाया था ताकि वाहन को सामान्य मालवाहक कंटेनर के रूप में दिखाकर शराब की अवैध खेप को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाया जा सके।
हालांकि, मद्यनिषेध विभाग की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए कंटेनर की बारीकी से जांच की और शराब की इस बड़ी खेप को पकड़ लिया। टीम की सतर्कता से करीब 60 लाख रुपये मूल्य की अवैध विदेशी शराब को बिहार में खपाए जाने से पहले ही जब्त कर लिया गया।

चालक और उपचालक गिरफ्तार
कार्रवाई के दौरान मद्यनिषेध टीम ने कंटेनर के चालक एवं उपचालक को गिरफ्तार कर लिया। दोनों के संबंध में बताया गया है कि वे उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के निवासी हैं। दोनों से विभागीय स्तर पर पूछताछ की जा रही है।

अधिकारियों के अनुसार पूछताछ का मुख्य उद्देश्य शराब की खेप के वास्तविक स्रोत और उसके गंतव्य की जानकारी प्राप्त करना है। साथ ही यह भी पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इतनी बड़ी मात्रा में विदेशी शराब कहां से लाई गई थी और इसे दरभंगा अथवा बिहार के किस क्षेत्र में पहुंचाया जाना था।
मद्यनिषेध विभाग गिरफ्तार दोनों आरोपियों से यह जानकारी जुटाने में भी लगा है कि इस पूरे नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। शराब की खेप के पीछे किसी बड़े तस्कर, सप्लायर या संगठित गिरोह की भूमिका है या नहीं, इसकी भी जांच की जा रही है। विभागीय जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
शराब तस्करों के नए तरीकों पर विभाग की नजर
सहायक आयुक्त, मद्यनिषेध दरभंगा प्रदीप कुमार ने बताया कि जिले में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण, परिवहन एवं बिक्री के विरुद्ध विभाग का अभियान लगातार जारी है। शराब कारोबारी और तस्कर लगातार नए-नए तरीकों का इस्तेमाल कर शराब की अवैध ढुलाई करने का प्रयास करते हैं। ऐसे में विभाग द्वारा वाहनों की जांच के साथ-साथ संदिग्ध गतिविधियों पर भी लगातार नजर रखी जा रही है।
उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई में भी शराब तस्करों ने सामान्य उपभोक्ता सामान की आड़ में शराब को छिपाकर परिवहन करने का प्रयास किया था। लेकिन विभाग को प्राप्त गुप्त सूचना और टीम की सतर्कता के कारण उनकी योजना सफल नहीं हो सकी।

सहायक आयुक्त ने कहा कि मद्यनिषेध विभाग द्वारा जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में नियमित रूप से वाहन जांच, छापेमारी और संदिग्ध ठिकानों की निगरानी की जा रही है। दूसरे राज्यों से बिहार में शराब की तस्करी करने वाले वाहनों पर विशेष नजर रखी जा रही है। सीमावर्ती एवं प्रमुख मार्गों के अलावा ऐसे संपर्क मार्गों पर भी निगरानी बढ़ाई जा रही है, जिनका इस्तेमाल तस्कर मुख्य मार्गों से बचने के लिए कर सकते हैं।
करीब 60 लाख रुपये की शराब जब्त होना बड़ी उपलब्धि
एक ही कंटेनर से 4,947.120 लीटर विदेशी शराब की बरामदगी मद्यनिषेध विभाग के लिए महत्वपूर्ण कार्रवाई मानी जा रही है। शराब की अनुमानित कीमत करीब 60 लाख रुपये है। इतनी बड़ी मात्रा में शराब की खेप को बिहार में पहुंचाने का प्रयास यह दर्शाता है कि शराब तस्कर राज्य में शराबबंदी कानून को चुनौती देने के लिए लगातार नए रास्ते तलाश रहे हैं।

जिला प्रशासन एवं मद्यनिषेध विभाग द्वारा ऐसी गतिविधियों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। विभाग का कहना है कि शराब तस्करी में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई केवल शराब की बरामदगी तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इसके पीछे काम कर रहे पूरे नेटवर्क का पता लगाने का प्रयास किया जाएगा।
अधिकारियों का कहना है कि शराब तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों, शराब के स्रोत और गंतव्य के संबंध में जानकारी जुटाकर आगे की कड़ी को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। इससे अवैध शराब के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने में मदद मिल सकती है।
शराबबंदी कानून के उल्लंघन पर होगी कठोर कार्रवाई
सहायक आयुक्त, मद्यनिषेध दरभंगा प्रदीप कुमार ने स्पष्ट किया कि बिहार में मद्यनिषेध कानून लागू है और इसके उल्लंघन को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। अवैध शराब के निर्माण, परिवहन, भंडारण एवं बिक्री में संलिप्त पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि कानून का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति चाहे किसी भी माध्यम या तरीके का इस्तेमाल करें, विभाग उनकी गतिविधियों पर नजर रख रहा है। शराब की तस्करी के लिए सामानों की आड़, मालवाहक वाहनों अथवा अन्य किसी माध्यम का इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि विभाग की प्राथमिकता अवैध शराब की आपूर्ति श्रृंखला को तोड़ना है। इसके लिए सूचना तंत्र को मजबूत करने के साथ-साथ क्षेत्रीय स्तर पर निगरानी एवं छापेमारी अभियान को लगातार जारी रखा जाएगा।
आम लोगों से सूचना देने की अपील
जिला प्रशासन, दरभंगा एवं मद्यनिषेध विभाग ने आम लोगों से भी अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ सहयोग करने की अपील की है। प्रशासन ने कहा है कि यदि किसी व्यक्ति को जिले में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण, बिक्री या परिवहन से संबंधित किसी प्रकार की जानकारी मिलती है तो इसकी सूचना तत्काल प्रशासन अथवा मद्यनिषेध विभाग को दी जाए।
प्रशासन का मानना है कि आम लोगों के सहयोग से अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी तरीके से अंकुश लगाया जा सकता है। सूचना के आधार पर विभाग द्वारा आवश्यक जांच एवं कार्रवाई की जाएगी।
बिशनपुर थाना क्षेत्र के भरौल, एकमी-शोभन रोड पर की गई यह कार्रवाई मद्यनिषेध विभाग की सतर्कता और सक्रियता को दर्शाती है। पतंजलि के उत्पादों की आड़ में ले जाई जा रही करीब 60 लाख रुपये मूल्य की विदेशी शराब की बड़ी खेप को जब्त कर विभाग ने तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया है। कंटेनर के चालक एवं उपचालक की गिरफ्तारी के बाद अब जांच की दिशा शराब की खेप के स्रोत, गंतव्य और इसके पीछे सक्रिय नेटवर्क तक पहुंचने पर केंद्रित है।
जिला प्रशासन ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि जिले में शराबबंदी कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा और अवैध शराब के कारोबार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को कानून के शिकंजे से बचने नहीं दिया जाएगा।

स्वर्णिम टाईम्स : Swarnim Times आपका अपना इंटरनेट अख़बार !