श्रावणी मेला को लेकर बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था का वरीय अधिकारियों ने लिया जायजा

श्रद्धालुओं की सुविधा, सुगम दर्शन एवं विधि-व्यवस्था बनाए रखने को लेकर पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
सौरभ शेखर श्रीवास्तव की ब्यूरो रिपोर्ट दरभंगा। श्रावणी मेला के मद्देनजर बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम दर्शन, भीड़ नियंत्रण एवं विधि-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के उद्देश्य से सोमवार को पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों ने मंदिर परिसर तथा आसपास के क्षेत्रों का विस्तृत निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मेला अवधि में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के संभावित आगमन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, प्रवेश एवं निकास व्यवस्था तथा भीड़ नियंत्रण से संबंधित तैयारियों का स्थल पर जायजा लिया।

पुलिस उपमहानिरीक्षक, मिथिला क्षेत्र, दरभंगा मनोज कुमार तिवारी, जिलाधिकारी कौशल कुमार, वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी, ग्रामीण पुलिस अधीक्षक, बिरौल अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सहित अन्य पुलिस एवं प्रशासनिक पदाधिकारी बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर पहुंचे और मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों का निरीक्षण किया।
अधिकारियों ने मंदिर में श्रद्धालुओं के आवागमन वाले मार्गों, प्रवेश एवं निकास व्यवस्था, संभावित भीड़ वाले स्थानों, सुरक्षा प्वाइंट, पुलिस बल की तैनाती तथा विधि-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मौके पर मौजूद पदाधिकारियों से मेला के दौरान की जाने वाली व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

श्रावणी मेला के दौरान बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पुलिस एवं प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि श्रद्धालुओं को दर्शन-पूजन के दौरान किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो और मंदिर परिसर में भीड़ का व्यवस्थित संचालन हो, इसके लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें।

निरीक्षण के क्रम में पुलिस बल की तैनाती एवं ड्यूटी प्वाइंट का भी जायजा लिया गया। अधिकारियों ने यह देखा कि संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पर्याप्त संख्या में पुलिस पदाधिकारी एवं जवान तैनात हैं या नहीं। साथ ही ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को भीड़ की स्थिति पर लगातार नजर रखने और किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति की आशंका होने पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
पुलिस उपमहानिरीक्षक मनोज कुमार तिवारी एवं जिलाधिकारी कौशल कुमार ने मंदिर परिसर तथा आसपास के क्षेत्रों में भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से अवलोकन किया। अधिकारियों ने कहा कि श्रावणी मेला के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। ऐसे में ड्यूटी पर तैनात सभी पदाधिकारी एवं जवान पूरी मुस्तैदी और सतर्कता के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें।

जिलाधिकारी कौशल कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मेला के दौरान मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जाए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए भीड़ को नियंत्रित करने की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। श्रद्धालुओं के प्रवेश और निकास के दौरान अनावश्यक भीड़ न हो, इसके लिए निर्धारित मार्ग एवं व्यवस्था का पालन कराया जाए।
उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की स्थिति में प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी तत्काल आवश्यक कदम उठाएं। भीड़ बढ़ने पर स्थिति के अनुसार अतिरिक्त पुलिस बल एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का उपयोग किया जाए। मंदिर परिसर के साथ-साथ आसपास के प्रमुख स्थानों पर भी अधिकारियों एवं पुलिसकर्मियों की सक्रिय मौजूदगी सुनिश्चित की जाए।

जिलाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे नियमित रूप से क्षेत्र में भ्रमण करते रहें और मेला क्षेत्र की स्थिति का लगातार जायजा लेते रहें। किसी भी प्रकार की समस्या सामने आने पर उसका त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि श्रद्धालुओं के आवागमन में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न नहीं होनी चाहिए तथा सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ सुविधाजनक दर्शन की व्यवस्था को प्राथमिकता दी जाए।
वरीय पुलिस अधिकारियों ने भी विधि-व्यवस्था ड्यूटी में तैनात पुलिस पदाधिकारियों एवं जवानों को आवश्यक निर्देश दिए। अधिकारियों ने कहा कि मेला अवधि में सभी पुलिसकर्मी विशेष सतर्कता बरतें और संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी बनाए रखें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि, विवाद, अफवाह या अप्रिय स्थिति की सूचना मिलने पर तत्काल वरीय अधिकारियों को जानकारी देते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

निरीक्षण के दौरान भीड़ नियंत्रण को लेकर भी अधिकारियों ने विशेष रूप से दिशा-निर्देश दिए। पुलिस एवं प्रशासन को निर्देशित किया गया कि श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने पर भीड़ को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जाए। मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के बीच धक्का-मुक्की या अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके लिए पुलिस बल लगातार सक्रिय रहे।
अधिकारियों ने मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर भी ध्यान देने का निर्देश दिया। मेला अवधि में प्रशासन एवं पुलिस के पदाधिकारी क्षेत्र में लगातार सक्रिय रहकर व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे। किसी भी स्तर पर कमी पाए जाने पर तत्काल आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने को कहा गया।

श्रावणी मेला को लेकर प्रशासन की ओर से यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है कि श्रद्धालुओं को मंदिर तक पहुंचने और दर्शन के बाद सुरक्षित एवं सुगम तरीके से वापस लौटने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को अपने-अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करने को कहा गया है।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मेला अवधि में सुरक्षा एवं विधि-व्यवस्था से संबंधित सभी व्यवस्थाओं को आपसी समन्वय के साथ संचालित करने पर विशेष बल दिया। पुलिस, प्रशासन एवं संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने का निर्देश दिया गया, ताकि श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या के बावजूद मेला क्षेत्र में शांति एवं व्यवस्था कायम रहे।
अधिकारियों ने कहा कि श्रावणी मेला धार्मिक आस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण आयोजन है। इस दौरान दूर-दूर से श्रद्धालु बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर में पूजा-अर्चना एवं दर्शन के लिए पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं की आस्था एवं सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन की जिम्मेदारी है कि उन्हें सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जाए। इसी उद्देश्य से मेला अवधि में सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी और व्यवस्थित रखने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है।
पुलिस प्रशासन की ओर से ड्यूटी पर तैनात जवानों को भी निर्देश दिया गया कि वे श्रद्धालुओं के साथ विनम्र व्यवहार करें और किसी भी परिस्थिति में संयम बनाए रखें। भीड़ के दौरान किसी प्रकार की अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके लिए आवश्यकतानुसार श्रद्धालुओं को मार्गदर्शन प्रदान करें।

प्रशासन ने श्रद्धालुओं से भी अपील की है कि वे मेला क्षेत्र में प्रशासन द्वारा निर्धारित मार्ग एवं व्यवस्था का पालन करें। भीड़ के दौरान धैर्य बनाए रखें और किसी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिस एवं प्रशासनिक कर्मियों के निर्देशों का पालन करें, ताकि सभी श्रद्धालु शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में बाबा कुशेश्वरनाथ के दर्शन कर सकें।
अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से अपील करते हुए कहा कि मेला के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा या समस्या होने पर वे मौके पर मौजूद पुलिस एवं प्रशासनिक पदाधिकारियों से संपर्क करें। प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सुरक्षा के लिए हरसंभव प्रयास किया जा रहा है।
निरीक्षण के अंत में अधिकारियों ने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि श्रावणी मेला की पूरी अवधि में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। सभी अधिकारी एवं पुलिसकर्मी अपने-अपने क्षेत्र में सक्रिय रहें और परिस्थितियों के अनुसार तत्काल निर्णय लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करें।
इस प्रकार बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर में श्रावणी मेला को लेकर पुलिस एवं प्रशासन ने सुरक्षा एवं विधि-व्यवस्था की तैयारियों को लेकर अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। वरीय अधिकारियों के निरीक्षण एवं दिशा-निर्देश के बाद संबंधित पदाधिकारियों को श्रद्धालुओं की सुविधा, सुगम दर्शन, भीड़ नियंत्रण और शांतिपूर्ण मेला संचालन को लेकर आवश्यक जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। प्रशासन का प्रयास है कि श्रावणी मेला के दौरान बाबा कुशेश्वरस्थान मंदिर आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुगम वातावरण में दर्शन-पूजन का अवसर मिले।

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