हरियाणा के झज्जर जिले में वकील की हत्या के सनसनीखेज मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह हत्या किसी दुश्मनी का नतीजा नहीं बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी, जिसे मृतक की पत्नी और उसके साले ने मिलकर अंजाम दिलवाया। जमीन हड़पने की लालच और पुराने मनमुटाव के चलते वकील देवराज चाहर की हत्या की साजिश रची गई थी।

पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें मृतक की पत्नी स्वीटी, उसका भाई आशीष और मुख्य आरोपी हिमांशु शामिल हैं। पुलिस के अनुसार हिमांशु ने ही चाकू से हमला कर वकील की हत्या की थी।
चार मार्च की रात हुई थी वारदात
जानकारी के अनुसार पेशे से वकील देवराज चाहर की चार मार्च की रात को बेरहमी से हत्या कर दी गई थी।
वह झज्जर शहर में माता गेट इलाके में रहते थे और वहीं से अपनी वकालत करते थे।
वारदात के दिन उन्हें एक फोन आया था, जिसमें किसी केस की पैरवी करने के बहाने उन्हें मिलने के लिए बुलाया गया था। इसी बहाने उन्हें सुनसान इलाके में ले जाकर हमला किया गया।
पत्नी और साले पर साजिश का आरोप
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरे मामले की साजिश मृतक की पत्नी स्वीटी और उसके भाई आशीष ने मिलकर रची थी।
दोनों की नजर देवराज की गांव में मौजूद जमीन पर थी। आरोप है कि वे उस जमीन को बेचकर मिलने वाली बड़ी रकम हासिल करना चाहते थे।
इसी लालच में उन्होंने हत्या की योजना बनाई और अपने परिचित हिमांशु को इस काम के लिए तैयार किया।
मुख्य आरोपी हिमांशु ने किया हमला
पुलिस के अनुसार हत्या को अंजाम देने की जिम्मेदारी हिमांशु को दी गई थी, जो कुल्ताना गांव का रहने वाला है।
चार मार्च की रात हिमांशु ने देवराज को फोन कर बताया कि एक दुष्कर्म का मामला है, जिसकी पैरवी करने पर करीब दो लाख रुपये मिल सकते हैं।
इस लालच में देवराज उससे मिलने के लिए तैयार हो गए और अपनी गाड़ी से उसे लेने पहुंचे।
सुनसान इलाके में ले जाकर किया हमला
हिमांशु देवराज की गाड़ी में बैठ गया और बातचीत करते हुए उसे सांपला रोड से आगे मिनी बाईपास की ओर ले गया।
जब वे बिरधाना चौक के पास पहुंचे, तभी आरोपी ने अचानक चाकू निकाल लिया।
बताया जाता है कि हिमांशु गाड़ी की पीछे वाली सीट पर बैठा हुआ था। अचानक उसने तेजधार चाकू से देवराज के गले पर वार कर दिया।
गंभीर रूप से घायल हो गया वकील
अचानक हुए हमले से देवराज गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके गले से काफी खून बहने लगा।
हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया और रास्ते में चाकू फेंक दिया।
घायल हालत में देवराज किसी तरह निजी अस्पताल पहुंचे, जहां उनकी हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया।
अस्पताल में हुई मौत
पीजीआई रोहतक में इलाज के दौरान डॉक्टरों ने देवराज को मृत घोषित कर दिया।
इस घटना की सूचना मिलते ही परिवार में मातम छा गया और पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी गई।
पिता ने दर्ज कराई शिकायत
मृतक के पिता जगत सिंह, जो सिलानी गांव के रहने वाले हैं, ने पुलिस को शिकायत दी।
उन्होंने बताया कि उनके बेटे देवराज को किसी काम के बहाने बुलाकर उस पर जानलेवा हमला किया गया था।
पुलिस ने इस शिकायत के आधार पर हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
तीन आरोपी गिरफ्तार
मामले की गंभीरता को देखते हुए हरियाणा पुलिस की टीम ने जांच तेज कर दी।
जांच के दौरान कई अहम सुराग मिले, जिसके आधार पर पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
इनमें मुख्य आरोपी हिमांशु, मृतक की पत्नी स्वीटी और उसका साला आशीष शामिल हैं।
हथियार और मोबाइल बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल किए गए दो चाकू और दो मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।
इन मोबाइल फोन के जरिए आरोपियों के बीच हुई बातचीत और साजिश के कई सबूत भी मिले हैं।
पुलिस रिमांड पर मुख्य आरोपी
पुलिस ने मुख्य आरोपी हिमांशु को अदालत में पेश किया, जहां से उसे तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।
रिमांड के दौरान पुलिस उससे वारदात में इस्तेमाल कपड़े और अन्य सबूत बरामद करने की कोशिश करेगी।
इसके अलावा यह भी पता लगाया जाएगा कि इस साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल थे।
जेल में बंद आरोपी का भी नाम आया
पुलिस पूछताछ में अशोक नाम के एक व्यक्ति का नाम भी सामने आया है, जो फिलहाल किसी अन्य मामले में जेल में बंद है।
पुलिस का कहना है कि जरूरत पड़ने पर उससे भी पूछताछ की जाएगी।
प्रेम विवाह से नाराज था साला
जांच में यह भी सामने आया है कि आशीष अपनी बहन के प्रेम विवाह से नाराज था।
देवराज अक्सर उसे घर आने-जाने से मना करते थे, जिससे वह मन ही मन रंजिश पाले हुए था।
इसी वजह से उसने अपनी बहन के साथ मिलकर हत्या की साजिश रच डाली।
थाना प्रभारी ने दी जानकारी
मामले की जानकारी देते हुए शहर थाना प्रभारी बलदेव सिंह ने बताया कि जांच के दौरान यह साफ हो गया है कि हत्या एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा थी।
उन्होंने बताया कि जमीन बेचकर मिलने वाली रकम के लालच में यह खौफनाक वारदात की गई।
जांच जारी
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में और भी खुलासे हो सकते हैं।
अधिकारियों का कहना है कि अगर इस साजिश में अन्य लोग भी शामिल पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और पुलिस इस मामले से जुड़े हर पहलू की गहराई से जांच कर रही है।
इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। एक वकील की हत्या में उसके ही परिवार के लोगों का नाम सामने आने से लोग हैरान हैं और मामले की सच्चाई सामने आने का इंतजार कर रहे हैं।
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