हरियाणा के करनाल जिले के असंध क्षेत्र में गोवंश तस्करी का एक गंभीर मामला सामने आया है। गोरक्षा दल हरियाणा से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने नेशनल हाईवे-152डी पर गोवंश से भरा एक ट्रक पकड़कर बड़ी कार्रवाई की है। ट्रक की जांच में कुल 21 गोवंश बरामद किए गए, जिनमें से छह की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। इस मामले में दो आरोपियों को हिरासत में लिया गया है।

गांव सालवन निवासी गौरव आर्य ने बताया कि गोरक्षा दल को सूचना मिली थी कि पंजाब की ओर से एक ट्रक में गोवंश को अवैध रूप से मेवात क्षेत्र ले जाया जा रहा है, जहां इनके साथ गोकशी की आशंका थी। सूचना मिलते ही गोरक्षा दल के सदस्य सतर्क हो गए और टोल प्लाजा के पास ट्रक को रोकने का प्रयास किया।
हालांकि ट्रक चालक ने रुकने के बजाय वाहन की रफ्तार बढ़ा दी और भागने की कोशिश की। गोरक्षा दल के सदस्यों ने ट्रक का पीछा किया और कुछ दूरी पर उसे रोकने में सफल रहे। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
मौके पर पहुंची पुलिस ने ट्रक की तलाशी ली तो अंदर गोवंश को बेहद अमानवीय हालत में ठूंस-ठूंसकर भरा गया था। लंबे सफर और उचित देखभाल के अभाव में छह गोवंश दम तोड़ चुके थे। जीवित गोवंश को सुरक्षित बाहर निकालकर प्राथमिक सहायता की व्यवस्था की गई।
पुलिस ने ट्रक चालक वारिस और उसके साथी सोहिल, दोनों निवासी गांव हुसैनपुर (नूंह जिला), को मौके से हिरासत में ले लिया। थाना प्रभारी नसीब सिंह ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और ट्रक के दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में मामला गोवंश तस्करी से जुड़ा प्रतीत हो रहा है।
पुलिस ने कहा कि मामले में संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, गोरक्षा दल ने प्रशासन से गोवंश तस्करी के खिलाफ सख्त कदम उठाने और ऐसे मामलों में कठोर सजा सुनिश्चित करने की मांग की है।
यह घटना एक बार फिर पशु तस्करी जैसे गंभीर अपराध पर सवाल खड़े करती है और हाईवे पर निगरानी बढ़ाने की जरूरत को रेखांकित करती है।
स्वर्णिम टाईम्स : Swarnim Times आपका अपना इंटरनेट अख़बार !