हरियाणा के फरीदाबाद से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है, जिसने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियों को पलभर में छीन लिया। अरावली की खूबसूरत वादियों में घूमने आए एक युवक की सिरोही झील में डूबने से मौत हो गई। यह हादसा उस समय हुआ जब युवक अपने दोस्तों के साथ मस्ती के मूड में झील के पानी में उतर गया, लेकिन कुछ ही मिनटों में यह खुशी मातम में बदल गई।

मृतक की पहचान 24 वर्षीय रमाशंकर के रूप में हुई है, जो दिल्ली के डेरा फतेहपुर गांव का निवासी था। वह अपने तीन दोस्तों के साथ शनिवार को फरीदाबाद घूमने आया था। चारों दोस्तों ने मिलकर वीकेंड का आनंद लेने का प्लान बनाया था और अरावली की पहाड़ियों के बीच स्थित सिरोही झील को चुना था। लेकिन यह सैर उनके लिए एक भयावह अनुभव बन गई।
जानकारी के अनुसार, दोपहर करीब 2 बजे के आसपास सभी दोस्त झील के किनारे पहुंचे। वहां का शांत वातावरण, ठंडी हवा और प्राकृतिक सुंदरता देखकर वे काफी खुश हो गए। कुछ देर तक उन्होंने फोटो खींची और बातचीत की। इसी दौरान रमाशंकर ने झील में उतरकर नहाने की इच्छा जताई।
पहले तो उसके दोस्तों ने उसे रोका, लेकिन वह नहीं माना और पानी में उतर गया। शुरू में सब कुछ सामान्य था, लेकिन जैसे-जैसे वह झील के अंदर की ओर बढ़ा, पानी की गहराई बढ़ती चली गई। अचानक उसका पैर फिसला और वह संतुलन खो बैठा। देखते ही देखते वह डूबने लगा और खुद को बचाने की कोशिश करने लगा।
अपने दोस्त को इस हालत में देखकर बाकी तीनों युवक घबरा गए। उन्होंने तुरंत उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन झील की गहराई और पानी के कारण वे सफल नहीं हो पाए। उन्होंने जोर-जोर से चिल्लाना शुरू किया और आसपास के लोगों से मदद मांगी। साथ ही डायल-112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही धौज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया गया। स्थानीय गोताखोरों की मदद ली गई और काफी मशक्कत के बाद रमाशंकर को पानी से बाहर निकाला गया। इसके बाद उसे तुरंत अलफलाह मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
इस घटना के बाद उसके दोस्तों का रो-रोकर बुरा हाल है। वे इस हादसे से पूरी तरह टूट चुके हैं और खुद को दोषी मान रहे हैं। वहीं, जैसे ही यह खबर रमाशंकर के परिवार तक पहुंची, वहां कोहराम मच गया। परिवार के लोग इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि उनका बेटा अब इस दुनिया में नहीं रहा।
पुलिस के अनुसार, रमाशंकर एक निजी कंपनी में रिकवरी ब्वॉय के रूप में काम करता था और अपने परिवार की आर्थिक मदद करता था। वह अपने दो भाइयों और एक बहन में सबसे छोटा था। उसके पिता का पहले ही निधन हो चुका था, जिसके बाद वह परिवार के लिए एक मजबूत सहारा बन गया था।
प्रारंभिक जांच में यह साफ हुआ है कि यह एक दुर्घटना है और इसमें किसी तरह की साजिश या अपराध का मामला सामने नहीं आया है। युवक झील की गहराई और पानी की स्थिति का अंदाजा नहीं लगा पाया, जिसके कारण यह हादसा हुआ।
यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम क्यों नहीं होते। सिरोही झील जैसे स्थानों पर अक्सर लोग घूमने आते हैं, लेकिन वहां न तो कोई चेतावनी बोर्ड है और न ही लाइफगार्ड की व्यवस्था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि झील में पहले भी कई हादसे हो चुके हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इस घटना के बाद लोगों में प्रशासन के प्रति नाराजगी देखी जा रही है और वे सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की मांग कर रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी अनजान जलाशय में बिना जानकारी और सुरक्षा के उतरना बेहद खतरनाक हो सकता है। थोड़ी सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है, जैसा कि इस मामले में हुआ।
फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। वहीं, मृतक के परिवार को सूचना दे दी गई है और वे गहरे सदमे में हैं।
यह हादसा हर किसी को यह सोचने पर मजबूर कर देता है कि जिंदगी कितनी अनमोल और अनिश्चित है। एक छोटी सी गलती कैसे किसी की पूरी जिंदगी खत्म कर सकती है, इसका यह एक दुखद उदाहरण है।
फरीदाबाद की यह घटना एक चेतावनी है कि प्राकृतिक स्थलों पर जाते समय सावधानी बरतना बेहद जरूरी है। थोड़ी सी सतर्कता और समझदारी कई जिंदगियों को बचा सकती है।
स्वर्णिम टाईम्स : Swarnim Times आपका अपना इंटरनेट अख़बार !