मोहनलालगंज / लखनऊ (सूरज अवस्थी) : निगोहां थाना क्षेत्र में वट सावित्री पूजा को लेकर महिलाएं सुबह से ही वट वृक्ष में अपने पति की दीर्घायु को लेकर रक्षासूत्र बांधते नजर आई। जिसे लेकर निगोहा , कांटा , करौंदी , करनपुर , कासिम पुर , मीरक नगर , नंदौली, बघौना समेत अन्य सभी इलाकों में वट सावित्री पूजा को महिलाओं ने बड़े ही श्रद्धा पूर्वक तरीके से मनाया। वहीं भैरमपुर स्थित वट सावित्री पूजा में शामिल लता शर्मा , ममता शर्मा, पूनम व कोमल, सोनी

देवी आदि दर्जनों महिलाओं ने पूजा से संबंधित जानकारी देते हुए बताया कि यह पूजा आस्था से जुड़ी है। वट सावित्री व्रत में महिलाएं बरगद की परिक्रमा कर पूजा करती हैं। पूजा में गई महिलाएं एक दूसरे के सिंदूर लगाती हैं और वट की सेवा सत्कार करती हैं, वट की पूजा संपन्न करने के बाद ही जल व प्रसाद ग्रहण करती हैं, कहते हैं कि सोमवार को वट सावित्री पूजन करना बेहद फलदायक होता है।
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ऐसा माना जाता है कि सावित्री ने वट वृक्ष के नीचे ही अपने मृत पति सत्यवान को यमराज से वापस ले लिया था। इस दिन महिलाएं सुबह से स्नान ध्यान कर लेती हैं और सुहाग से जुड़ा हर श्रृंगार करती हैं । वहीं मौके पर उपस्थित पंडित संगमलाल ने बताया कि मान्यता के अनुसार इस दिन वट वृक्ष की पूजा करने के बाद ही सुहागन को जल ग्रहण करना चाहिए। सुबह से ही वटवृक्षों के पास पूजा के लिए महिलाएं कतारबद्ध दिखीं।
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